देहरा में पूर्व मंत्री और जसवां-प्रागपुर के विधायक बिक्रम सिंह ठाकुर ने ढलियारा में पेखुवाला सोलर प्रोजेक्ट में हुई गड़बड़ियों को लेकर सुक्खू सरकार पर जुबानी हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि हिमाचल प्रदेश ऊर्जा निगम का यह प्रोजेक्ट भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ चुका है। ठाकुर के अनुसार, ऊना जिले के पेखुवाला क्षेत्र में स्थित यह सोलर प्लांट 2 अगस्त को हुई भारी बारिश में जलमग्न हो गया था। इसके कारण प्लांट की मशीनरी पूरी तरह से बंद हो गई। बिक्रम ठाकुर ने बताया कि जिस कंपनी को यह काम सौंपा गया था, उसे आठ साल तक रखरखाव करना था। लेकिन कुछ ही समय में प्लांट के 10 में से 4 इनवर्टर खराब हो गए हैं। उन्होंने कहा कि यह इलाका वाटर प्रोन घोषित था और यहां 356 मीटर की एलिवेशन जरूरी थी। परंतु शून्य फाइलिंग कर दी गई और ड्रेनेज सिस्टम पर कोई काम नहीं हुआ। सरकार ने 99% भुगतान किया- ठाकुर
ठाकुर ने बताया कि 100 करोड़ की योजना पर अब तक 240 करोड़ रुपए खर्च हो चुके हैं। सरकार ने 99% भुगतान भी कर दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह सब सरकार की शह पर हुआ है। इस गड़बड़ी के चलते एक कर्मचारी स्वर्गीय विमल नेगी की जान भी गई है। ठाकुर ने मांग की है कि इस पूरे प्रकरण की जांच किसी स्वतंत्र एजेंसी से करवाई जाए। प्रदेश में आई प्राकृतिक आपदा पर भी बिक्रम ठाकुर ने चिंता जताई। उन्होंने कहा कि नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर और केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने आश्वासन दिया है कि केंद्र सरकार हरसंभव मदद दे रही है। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान बिक्रम ठाकुर ने देहरा भाजपा की नई कार्यकारिणी का स्वागत भी किया। उन्होंने कहा कि जो कार्यकर्ता किसी कारणवश कार्यकारिणी में नहीं आ पाए हैं, उन्हें जल्द ही मोर्चों और प्रकोष्ठों में समायोजित किया जाएगा।
