कांगड़ा जिला का सबसे कुख्यात नशा तस्कर पुलिस के हत्थे चढ़ गया। आरोपी बृजेश कुमार उर्फ मामू के खिलाफ पहले से ही एनडीपीएस अधिनियम के 8 मामले दर्ज हैं। पुलिस ने उसे एक बार फिर 11.96 ग्राम हेरोइन रखने के मामले में गिरफ्तार किया है। डीएसपी अंकित शर्मा ने बताया कि राहुल उर्फ रोली नामक एक अन्य नशा तस्कर को भी पुलिस ने गिरफ्तार किया है, वो तस्करी करने के साथ खुद भी नशे का आदी है। आरोपी राहुल कांगड़ा और नगरोटा बगबा में विभिन्न लोगों को हेरोइन बेचता था, उसके खिलाफ एनडीपीएस अधिनियम के 3 पिछले मामले भी हैं। डीएसपपी अंकित शर्मा ने बताया की दोनों को आईपीएच गेस्ट हाउस कांगड़ा के पास सेबकरा के नजदीक एक सुनसान जगह से गिरफ्तार किया गया, जहां दोनों हेरोइन के नशे में लिप्त पाए गए। सिरिंज के जरिए सीधे हेरोइन का इंजेक्शन लगाने से दोनों के हाथ सूज गए हैं। नशा तस्करी करने के लिए बृजेश विभिन्न स्कूलों के छात्रों को निशाना बनाता था और उसके नगरोटा बगवा के पवन और जितेंद्र बहल के साथ संबंध थे। अब ये तीनों अन्य छोटे तस्करों के साथ सलाखों के पीछे हैं। डीएसपी अंकित शर्मा ने कहा कि पुलिस ने हमेशा नशीली दवाओं के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है और नशीली दवाओं के तस्करों और तस्करी के खिलाफ सख्ती से पेश आई है। इन दोनों लोगों की गिरफ्तारी से नगरोटा के पवन, मामू और बेहल का सिंडिकेट खत्म हो गया है। दोनों को एनडीपीएस एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत गिरफ्तार किया गया है और कल अदालत में पेश किया जाएगा। शर्मा ने कहा पुलिस टीम उनकी सम्पति को भी जब्त कर कोर्ट में उनकी जमानत का कड़ा विरोध करेगी। अब कांगड़ा पुलिस इन सभी तस्करों द्वारा अवैध रूप से अर्जित की गई संपत्ति को जब्त करने और नष्ट करने पर ध्यान केंद्रित करेगी।