हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले के ज्वालामुखी सिविल अस्पताल में मंगलवार सुबह मरीजों को ब्रेकफॉस्ट में कथित तौर पर फफूंद लगी ब्रेड परोसने का मामला सामने आया है। घटना का खुलासा उस समय हुआ जब एक मरीज की तीमारदार युवती ने ब्रेड में फफूंद होने का दावा करते हुए उसका वीडियो बनाकर मीडिया और सोशल मीडिया पर साझा किया। वायरल वीडियो में नाश्ते के लिए वितरित की गई ब्रेड पर फफूंद जैसी परत दिखाई दे रही है। वीडियो सामने आने के बाद अस्पताल प्रबंधन की कार्यप्रणाली और मरीजों को उपलब्ध कराए जाने वाले भोजन की गुणवत्ता पर सवाल खड़े हो गए हैं। घटना से मरीजों और उनके परिजनों में नाराजगी देखी जा रही है। जानकारी के अनुसार, घटना के समय अस्पताल में करीब 8 से 10 मरीज भर्ती थे। सुबह के नाश्ते में सभी मरीजों को ब्रेड दी गई थी। मरीजों और उनके परिजनों का कहना है कि जैसे ही उन्होंने ब्रेड का सेवन करने का प्रयास किया, उसकी गुणवत्ता संदिग्ध प्रतीत हुई। इसके बाद उन्होंने तत्काल अस्पताल कर्मियों को इसकी शिकायत की। परिजनों के अनुसार किसी भी मरीज ने उक्त ब्रेड का सेवन नहीं किया और कुछ लोगों ने प्रमाण के तौर पर ब्रेड के नमूने अपने पास सुरक्षित रख लिए। बाजार से ब्रेकफॉस्ट की करनी पड़ी व्यवस्था वीडियों में तीमारदार युवती ने आरोप लगाया कि खराब गुणवत्ता की ब्रेड मिलने के कारण उन्हें बाहर से नाश्ते की व्यवस्था करनी पड़ी। सूत्रों के मुताबिक संबंधित ब्रेड की एक्सपायरी तिथि 13 जून अंकित थी, फिर भी उसमें फफूंद लग चुकी थी। युवती पर वीडियो हटाने का दबाव वीडियो वायरल होने के बाद यह आरोप भी सामने आए हैं कि वीडियो बनाने वाली युवती पर उसे हटाने का दबाव बनाया गया। हालांकि, इस संबंध में आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। उधर, वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित होने के बाद मामला चर्चा का विषय बन गया। संबंधित ठेकेदार निलंबित मामला उजागर होते ही अस्पताल प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए भोजन आपूर्ति करने वाले ठेकेदार को निलंबित कर दिया है। अस्पताल प्रशासन ने पूरे घटनाक्रम की जांच शुरू कर दी है। इस घटना के बाद स्थानीय लोगों ने अस्पताल में मरीजों को परोसे जाने वाले भोजन की गुणवत्ता की नियमित जांच सुनिश्चित करने तथा लापरवाही के लिए जिम्मेदार व्यक्तियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं करेंगे: डॉ. पवन अस्पताल के बीएमओ डॉ. पवन ने कहा कि मरीजों के स्वास्थ्य के साथ किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने बताया कि संबंधित ठेकेदार से जवाब तलब किया गया है और जांच रिपोर्ट के आधार पर नियमानुसार सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। यदि कोई फफूंद लगी ब्रेड खा लेता तो क्या हो सकता था? फफूंद लगी ब्रेड का सेवन करने से व्यक्ति को फूड पॉइजनिंग, पेट दर्द, उल्टी, दस्त, मतली, एलर्जी, सांस लेने में परेशानी और कमजोर प्रतिरक्षा वाले मरीजों में गंभीर संक्रमण जैसी स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं। अस्पताल में भर्ती मरीज पहले से अस्वस्थ होते हैं, इसलिए उनके लिए ऐसा भोजन विशेष रूप से जोखिमपूर्ण माना जाता है।