देश में जल्द ही केंद्रशासित प्रदेश चंडीगढ़ के नाम से जुड़ा तीसरा शहर बसने जा रहा है। पंजाब के बाद अब हिमाचल प्रदेश में यह शहर बसाया जा रहा है। हिमाचल की कांग्रेस सरकार ने इसको मंजूरी दे दी है। सरकार इसे प्लांड रेजिडेंशियल सिटी के साथ कॉमर्शियल हब के रूप में डेवलप करेगी। यह शहर चंडीगढ़ के नजदीक चंडीगढ़-बद्दी रोड पर बसाया जाएगा। इससे पहले चंडीगढ़ की तर्ज पर पंजाब के मोहाली में न्यू चंडीगढ़ बसाया जा चुका है। पंजाब में अकाली दल+भाजपा गठबंधन की सरकार इसे प्लांड टाउनशिप के तौर पर डेवलप किया गया है। सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में 30 दिसंबर 2025 को हुई कैबिनेट बैठक में इस परियोजना को पहले ही मंजूरी मिल चुकी है। सरकार का दावा है कि बद्दी-चंडीगढ़ रोड पर शीतलपुर को वर्ल्ड क्लास टाउनशिप के रूप में विकसित किया जाएगा। इससे आसपास के ग्रामीण इलाकों को भी विकास से जोड़ा जाएगा। कैसा होगा हिम चंडीगढ़ शहर सरकार हिम चंडीगढ़ क्यों बना रही
इस बारे में हिमाचल सरकार का तर्क है कि प्रदेश से सैकड़ों लोग और खासकर युवा चंडीगढ़ या उससे सटे पंचकूला और मोहाली में पलायन कर रहे हैं। इसकी बड़ी वजह नौकरी, पढ़ाई और कारोबार है। इसके अलावा यहां का हाई क्लास रहन-सहन भी लोगों को लुभाता है। इसलिए हिम चंडीगढ़ बनने से पलायन करने वाले वहां जाने के बजाय यहां रहना पसंद करेंगे। यहां लोगों को नौकरी के मौके भी मिलेंगे। लोकल लोग विरोध भी कर रहे
हालांकि लोकल लोग इसका विरोध भी कर रहे हैं। शीतलपुर, बद्दी, मालपुर, दासोमाजरा, कल्याणपुर सहित आसपास के गांवों के लोग हिम चंडीगढ़ के विरोध में उतर आए है। उनका कहना है कि सरकार जबरन जमीनें लेगी और जंगल भी उजाड़ दिया जाएगा। हालांकि इस बारे में जब प्रदेश के हाउसिंग एवं अर्बन डेवलपमेंट मंत्री राजेश धर्माणी ने कहा- ‘जो भी लोग विरोध कर रहे हैं, उनसे बातचीत के जरिए समाधान निकाला जाएगा। सरकार किसी के साथ अन्याय नहीं करेगी।’