हिमाचल प्रदेश के लोक निर्माण मंत्री (PWD) विक्रमादित्य सिंह आज सुन्नी पहुंचे। सुन्नी में उन्होंने भारी बारिश के कारण सतलुज नदी के तेज बहाव से क्षतिग्रस्त सुन्नी-थली ब्रिज का निरीक्षण किया। इसके बाद उन्होंने ततापानी में करसोग क्षेत्र को शिमला से जोड़ने वाली क्षतिग्रस्त का जायजा किया। स्थानीय लोगों ने PWD मंत्री से सुन्नी-थली ब्रिज को पैदल चलने के लिए ओपन करने का आग्रह किया। इस पर मंत्री ने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को मौके पर निर्देश दिए कि क्षतिग्रस्त थली पुल का स्ट्रक्चर ऑडिट किया जाए। जल्दी कमेटी बनाई जाए। यह कमेटी क्षतिग्रस्त पुल का आकलन करने के बाद ही इसकी रिपोर्ट देगी। अगर रिपोर्ट सही रही, तभी पुल पर पैदल चलने की अनुमति दी जाएगी। जब तक रिपोर्ट नहीं आएगी तब तक पुल से आने जाने की अनुमति देना लोगों की सुरक्षा के लिए खतरा पैदा कर सकती है। विक्रमादित्य ने कहा, एनटीपीसी के कोलडैम का वाटर लेवल निरंतर बढ़ रहा है। पिछले साल भी इससे परेशानी हुई थी। इसका स्थायी समाधान निकालने के लिए एनएचपीसी, पीडब्ल्यूडी, सेक्रेटरी पावर, एसजेवीएनएल अधिकारियों के जल्द हाई पावर मीटिंग करेंगे। सुन्नी में बनेगा डबल लेन ब्रिज: विक्रमादित्य विक्रमादित्य सिंह ने कहा, हनुमान मंदिर के साथ बहने वाले घराट नाला पर डबल लेन ब्रिज का निर्माण कराया जाएगा, ताकि भविष्य में कनेक्टिवटी न टूटे। इसका फायदा सुन्नी के साथ साथ करसोग विधानसभा के भी कई क्षेत्रों के लोगों को मिलेगा। हीरामणी बोले- एनटीपीसी की लापरवाही से तबाही स्थानीय निवासी हीरामणी भारद्वाज ने बताया कि एनटीपीसी की जल विद्युत परियोजना की वजह से आज सुन्नी-थल्ली ब्रिज क्षतिग्रस्त हुआ है। उन्होंने कहा, मलबा दरिया में डाला गया है। इससे वाटर लेवल बढ़ा है। इसका खामियाजा जनता को भुगतना पड़ रहा है। लोगों की आवाजाही ठप हो गई है। बच्चे स्कूल-कालेज नहीं जा पा रहे। उन्होंने बताया, पुल टूटने से मरीज को अस्पताल पहुंचाना मुश्किल हो गया है। उनके पास पैदल चलने को वैकल्पिक व्यवस्था भी नहीं है। उन्होंने प्रदेश सरकार से पुल को पैदल चलने के लिए बहाल करने की मांग की और नया पुल बनाने का आग्रह किया। शिमला-करसोग सड़क की बहाली के दिए निर्देश सुन्नी के बाद PWD मंत्री ततापानी पहुंचे, जहां पर सतलुज नदी के तेज बहाव से करसोग को शिमला से जोड़ने वाली सड़क बह गई है। इससे नाचन और सराज विधानसभा के भी कई क्षेत्रों के लोगों का राजधानी से संपर्क टूटा है। मंत्री ने विभागीय अधिकारियों को जल्द सड़क की बहाली के टैम्परेरी अरेंजमेंट करने के निर्देश दिए। आईटीआई का किया निरीक्षण विक्रमादित्य सिंह ने भारी बारिश के कारण सतलुज नदी के पानी से प्रभावित आईटीआई परिसर का भी निरीक्षण किया। पानी की वजह से यहां पर काफी खतरा पैदा हो गया है। यहां पर डंपिंग साइट बनाई जाएगी ताकि भविष्य में पानी परिसर में न आ सके। आईटीआई परिसर में जो पानी एकत्रित हुआ है उसकी निकासी के लिए लोक निर्माण विभाग द्वारा पोकलेन मशीन तैनात की जाएगी ताकि जल्दी से जल्दी बंद पड़ी आईटीआई बहाल हो सके। सेल्फी प्वाइंट का किया जाएगा निरीक्षण विक्रमादित्य सिंह ने तत्तापानी स्थित सेल्फी प्वाइंट के समीप डैम के पानी से टूटे हुए शिमला से करसोग मार्ग का निरीक्षण भी किया। मंत्री ने लोक निर्माण विभाग को निर्देश दिए कि छोटे वाहनों की आवाजाही के लिए संपर्क मार्ग खोलने के लिए कार्य करें।