धर्मपुर से कांग्रेस विधायक चंद्रशेखर ने पूर्व सीएम जयराम ठाकुर पर सरकार अस्थिर करने के आरोप लगाए हैं। उन्होंने पूछा कि क्या वे शासन प्रोजेक्ट मामले पर केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर के बयान के साथ हैं। या फिर पूर्व सीएम शांता कुमार के बयान के साथ। मनोहर लाल खट्टर शासन प्रोजेक्ट पर न्यूट्रल रहने की बात कह गए। जबकि इसका शांता कुमार ने पुरजोर विरोध किया है। लेकिन जयराम ठाकुर इस पर कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है। यह सवाल उन्होंने मंडी में आयोजित प्रेसवार्ता के दौरान किया है। उन्होंने कहा कि जयराम ठाकुर प्रदेश हित के मामलों पर चुप्पी क्यों साधे हुए हैं। आज जयराम ठाकुर सिर्फ प्रदेश सरकार को अस्थिर करने की नाकाम कोशिशें कर रहे हैं। खुद सीएम रहते वे कुछ नहीं कर पाए इस कारण उन्हें सत्ता से हाथ धोना पड़ा। आज उनकी पार्टी के भीतर अस्थिरता का माहौल है और उनकी पार्टी के 10 विधायक बिलासपुर में बैठक करके मोर्चा खोलने की तैयारी में हैं। आज पूर्व सीएम जयराम ठाकुर आउटसोर्स कर्मचारियों के बीच जाकर अपनी राजनीति चमकाने में लगे हुए हैं जबकि उनकी सरकार में ही कई कमेटियां बनी और उन कमेटियों की कोई रिपोर्ट आज दिन तक सामने नहीं आई और न ही उन पर कार्रवाई हुई। उन्होंने कहा कि सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू आउटसोर्स कर्मचारियों के मामलों पर पूरी तरह से संजीदा हैं और इसके समाधान की दिशा में कार्य कर रहे हैं। आज प्रदेश के ऐसे मुद्दों को भाजपा की तरफ से उछाला जा रहा है जिनका कोई सरोकार नहीं और इससे देश-विदेश में रह रहे हिमाचलियों को भी शर्मिंदा होना पड़ रहा है। यह सब भाजपा सिर्फ अपनी राजनीति चमकाने के लिए और प्रदेश सरकार को बदनाम करने की मंशा से कर रही है।