हिमाचल प्रदेश में सेब सीजन अपने पीक पर है, लेकिन अब दामों में भारी गिरावट आ गयी है। बीते दो सप्ताह में सेब के दामों में 1500 रु तक कि गिरावट आ गयी है। जिससे बागवानों के चेहरों पर मायूसी है। सेब के दामों में आई गिरावट पर सियासत गरमा गई है। मानसून सत्र के दौरान सेब के दामों का मुद्दा सदन में गूंजा है। सेब की खेती को बचाने के लिए भारत में सेब के आयात पर इम्पोर्ट ड्यूटी बढ़ाने का मामला मानसून सत्र में उठा,सरकार ने विपक्ष से सहयोग मांगा। बागवानी मंत्री ने केंद्र सरकार पर बोला हमला बागवानी मंत्री जगत सिंह नेगी ने एक बार फिर सेब पर इम्पोर्ट ड्यूटी को लेकर केंद्र सरकार पर हमला बोला है। जगत सिंह नेगी ने कहा कि 2014 चुनाव के समय प्रधानमंत्री मोदी ने इम्पोर्ट ड्यूटी 100 फीसदी करने का भरोसा दिया। मगर आज 32 देश से 5 लाख टन सेब आयात हो रहा है। साथ ही अमेरिकी सेब पर आयात शुल्क घटा दिया। इससे हिमाचल के साथ-साथ जम्मू कश्मीर के सेब उद्योग के लिए भी संकट पैदा हो गया है। केंद्र सरकार ने नहीं किया वादा पूरा- जगत प्रदेश सरकार में बागवानी मंत्री जगत नेगी ने कहा की सेब का हिमाचल की आर्थिकी में बड़ा हिस्सा है। साल 2014 में प्रधानमंत्री बनने से पहले चुनाव के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सेब पर आयात शुल्क 100 प्रतिशत करने का भरोसा दिया था। 10 साल से ज्यादा वक्त बीतने के बाद भी केंद्र सरकार ने अपना वादा नहीं पूरा नहीं किया है। उन्होंने कहा की प्रधानमंत्री मोदी ने आयात शुक्ल बढ़ाने के बजाय अमेरिकी सेब पर आयत शुल्क कम कर दिया। इससे हिमाचल के सेब पर संकट आ गया है। बागवानी मंत्री ने कहा की दुनिया से 32 देशों से 5 लाख टन सेब इम्पोर्ट हो रहा है। इससे हिमाचल के साथ-साथ जम्मू कश्मीर का सेब उद्योग भी संकट में आ गया है।