हिमाचल प्रदेश की राजनीति का पावर सेंटर जैसे कभी वीरभद्र सिंह का निवास होलीलॉज हुआ करता था, ठीक वैसे ही इन दिनों सत्ता का केंद्र समीरपुर में प्रेम कुमार धूमल का घर बना हुआ है। नेता प्रेम कुमार धूमल का आशीर्वाद लेने समीरपुर पहुंच रहे हैं। जब से लोकसभा और विधानसभा उप-चुनाव अनाउंस हुए हैं, उसके बाद से ही धूमल का आशीर्वाद लेने की नेताओं में होड़ सी लगी है। बीती शाम को कांग्रेस के बागी धर्मशाला के पूर्व विधायक सुधीर शर्मा ने भी समीरपुर पहुंचकर धूमल का आशीर्वाद लिया। ये नेता भी ले चुके आशीर्वाद
सुधीर से पहले 2017 के विधानसभा चुनाव में प्रेम कुमार धूमल को हराने वाले राजेंद्र राणा, कुटलैहड़ से पूर्व विधायक देवेंद्र कुमार भुट्टो, बड़सर से इंद्रदत्त लखनपाल, इंडिपेंडेंट MLA होशियार सिंह और आशीष शर्मा इत्यादि भी धूमल का आशीर्वाद ले चुके हैं। नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर सहित BJP के कई दिग्गज नेता भी समीरपुर पहुंचकर धूमल का आशीर्वाद ले चुके हैं। 2017 में हार के बाद धूमल को हाशिए पर धकेला
2017 में हार के बाद से धूमल अचानक हाशिए पर धकेले गए और जयराम ठाकुर हिमाचल के मुख्यमंत्री बने। प्रदेश BJP नेताओं के बर्ताव से नाराज केंद्रीय मंत्री एवं धूमल के बेटे अनुराग ठाकुर और जयराम ठाकुर के बीच रिश्तों में कई बार सार्वजनिक मंचों पर कड़वाहट देखने को मिली। 2022 के चुनाव में भी अहमियत नहीं मिली
2022 में जब विधानसभा चुनाव हुआ तो प्रेम कुमार धूमल को अहमियत नहीं मिली और पार्टी मिशन रिपीट से चूक गई। BJP का गढ़ कहे जाने वाले हमीरपुर जिला में भाजपा का पांचों सीटों पर सूपड़ा साफ हो गया। मिशन रिपीट करने के दावे करने वाली BJP 25 सीटों पर सिमट गई। चुनाव से पहले आई धूमल की याद
अब प्रदेश में चार लोकसभा और छह विधानसभा सीटों पर उप-चुनाव का बिगुल बज गया है। इससे पहले BJP का हर नेता धूमल के आशीर्वाद को पहुंच रहा है। प्रेम कुमार धूमल हिमाचल के दो बार के मुख्यमंत्री रह चुके हैं। इस वजह से चुनाव हार गए थे धूमल 2012 से 2017 तक प्रदेश में वीरभद्र सिंह के नेतृत्व में सरकार थी। तब कांग्रेस सरकार के रिपीट होने का दावा किया जा रहा था। उस दौरान पार्टी ने तीसरी बार प्रेम कुमार धूमल को मुख्यमंत्री चेहरा घोषित नहीं किया। पार्टी को जब स्थिति अच्छी नहीं लगी तो आखिरी वक्त पर धूमल को मुख्यमंत्री चेहरा घोषित किया गया। मगर, तब धूमल को उनकी हमीरपुर विधानसभा से न लड़ाकर पार्टी ने सुजानपुर से चुनाव लड़ाने का फैसला लिया और धूमल चुनाव हार गए। धामी को हारकर भी CM बनाया, धूमल को नहीं धू्मल के चुनाव हारने पर BJP हाईकमान ने हिमाचल में जयराम ठाकुर को मुख्यमंत्री बनाया, जबकि हिमाचल के बाद 2022 में उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव हुए, वहां भी मुख्यमंत्री चेहरा पुष्कर सिंह धामी चुनाव हार गए। धामी को उत्तराखंड में हार के बाद भी मुख्यमंत्री बनाया गया। बाद में उन्होंने चंपावत सीट से उप चुनाव में 93 प्रतिशत वोट लेकर नया कीर्तिमान स्थापित किया।