कांगड़ा एयरपोर्ट का विस्तार और जिले के विकास का मुद्दा अब सियासी टकराव का केंद्र बन गया है। शाहपुर के कांग्रेस विधायक एवं विधानसभा के मुख्य सचेतक केवल सिंह पठानिया ने भाजपा के 4 लोकसभा सांसदों पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि संसद के तीन सत्र बीतने के बावजूद किसी ने भी कांगड़ा एयरपोर्ट के विस्तार का मुद्दा नहीं उठाया। उन्होंने सवाल किया कि जब प्रदेश सरकार एयरपोर्ट विस्तार के लिए 2632 करोड़ रुपए का वित्तीय प्रावधान कर रही है, तो केंद्र और भाजपा सांसद इस मुद्दे पर चुप क्यों हैं? धर्मशाला में पत्रकार वार्ता के दौरान पठानिया ने नवंबर में तपोवन में होने वाले विधानसभा के शीतकालीन सत्र को प्रदेश के इतिहास का सबसे लंबी अवधि का सत्र बताया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू और विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने पर्यटन कारोबारियों के हितों को ध्यान में रखते हुए नवंबर में सत्र आयोजित करने पर सहमति बनाई है। पर्यटन कारोबारियों से चर्चा के बाद बदला समय पठानिया ने कहा कि दिसंबर में धर्मशाला में पर्यटकों की भारी भीड़ रहती है। खासकर 31 दिसंबर के आसपास पर्यटन कारोबार चरम पर होता है। होटल एसोसिएशन और स्थानीय कारोबारियों से चर्चा के बाद सत्र का समय बदलने का फैसला लिया गया, ताकि पर्यटन गतिविधियों और आम लोगों को परेशानी न हो।
पर्यटन राजधानी के लिए गिनाईं उपलब्धियां मुख्य सचेतक ने कहा कि कांग्रेस सरकार कांगड़ा को पर्यटन राजधानी बनाने के लिए धरातल पर काम कर रही है। उन्होंने बताया कि बनखंडी में करीब 235 करोड़ रुपए की लागत से चिड़ियाघर बनाया जा रहा है, जिसका पहला चरण जल्द जनता को समर्पित करने की योजना है। धर्मशाला और चंबा को चंडीगढ़ से जोड़ने के लिए हेली-टैक्सी सेवा शुरू करने की भी बात कही। उन्होंने दावा किया कि रेरा और ओबीसी आयोग सहित पांच बड़े सरकारी कार्यालय शिमला से कांगड़ा स्थानांतरित किए गए हैं।