कुल्लू जिला की तीर्थन घाटी के धारागाड़ गांव में बुधवार तड़के करीब 5 बजे जय चंद पुत्र गंगा राम के लकड़ी के मकान में आग लग गई। आग ने कुछ ही देर में पूरे मकान को चपेट में ले लिया। गनीमत रही कि हादसे में किसी तरह की जनहानि नहीं हुई। आग लगने के कारणों का पता नहीं चल पाया है। स्थानीय प्रशासन नुकसान के आकलन में जुट गया है। बताया गया कि इस मकान में जय चंद और उनके बेटे वीर सिंह के परिवार रहते थे। आग लगने से दोनों परिवारों का घर और उसमें रखा घरेलू सामान जल गया। अनाज, कपड़े, फर्नीचर, बर्तन और रोजमर्रा के इस्तेमाल का अन्य सामान भी आग की भेंट चढ़ गया। मकान जलने के बाद दोनों परिवारों के सामने रहने और जरूरी सामान की व्यवस्था करने का संकट खड़ा हो गया है। ग्रामीणों ने पानी डालकर बुझाने का प्रयास
आग लगने की सूचना मिलते ही ग्रामीण मौके पर पहुंचे और बाल्टियों समेत उपलब्ध संसाधनों की मदद से आग बुझाने का प्रयास किया। प्रत्यक्षदर्शी लालचंद ठाकुर के अनुसार, आग इतनी तेजी से फैली कि ग्रामीणों की कोशिशों के बावजूद पूरा मकान कुछ ही समय में जल गया। आग लगने के कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है। प्रशासन ने 10-10 हजार की फौरी राहत दी
घटना की सूचना मिलने के बाद प्रशासन की टीम ने मौके का जायजा लिया। प्रभावित दोनों परिवारों को 10-10 हजार रुपए की अंतरिम राहत, कुल 20 हजार रुपए प्रदान की गई है। इसके अलावा प्रशासन की ओर से आवश्यक घरेलू सामान भी उपलब्ध कराया गया है। प्रशासन से और मदद की अपील
स्थानीय निवासी लालचंद ठाकुर ने प्रशासन और सरकार से प्रभावित परिवारों को और मदद उपलब्ध करवाने की मांग की है। उन्होंने परिवारों के लिए तिरपाल, राशन और रहने के अस्थायी इंतजाम जल्द करने की अपील की। साथ ही समाजसेवियों और दानदाताओं से भी पीड़ित परिवारों की मदद के लिए आगे आने का आग्रह किया है। घटना को लेकर प्रशासन की ओर से आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।