ऊना की सुलह विधानसभा क्षेत्र के विधायक और पूर्व मंत्री विपिन सिंह परमार ने हिमाचल प्रदेश की वर्तमान कांग्रेस सरकार पर अब तक का सबसे तीखा हमला बोला है। शुक्रवार को ऊना स्थित भाजपा कार्यालय में पत्रकारों से बातचीत करते हुए परमार ने दावा किया कि प्रदेश में कांग्रेस सरकार की उल्टी गिनती शुरू हो चुकी है। उन्होंने कहा कि हिमाचल में सरकार की विदाई की शहनाई बज चुकी है और प्रदेश की जनता अब बस सही वक्त का इंतजार कर रही है। पूर्व मंत्री विपिन सिंह परमार ने कांग्रेस सरकार की नीतियों की आलोचना करते हुए उसे समाज, युवा, महिला, किसान और गरीब विरोधी करार दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि समूचे प्रदेश में विकास कार्य ठप पड़े हैं। उन्होंने केंद्र सरकार की योजनाओं का हवाला देते हुए कहा कि केंद्र से भेजा जा रहा पैसा गांवों और जरूरतमंदों तक नहीं पहुंच पा रहा है। परमार ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू पर सीधा निशाना साधते हुए कहा कि मुख्यमंत्री इस केंद्रीय फंड के इस्तेमाल पर कोई स्पष्ट हिसाब देने को तैयार नहीं हैं। अनाथ बच्चों और विधवाओं के नाम पर टैक्स लगाना निंदनीय सरकार द्वारा लगाए जा रहे विभिन्न टैक्सों और सेस (Cess) पर कड़ा ऐतराज जताते हुए भाजपा नेता ने कहा कि जनता पर भारी-भरकम वित्तीय बोझ डाला जा रहा है। विधायक व पूर्व मंत्री विपिन सिंह परमार ने कहा कि प्रदेश सरकार प्रदूषण (पॉल्यूशन) और मिल्क सेस के नाम पर मनमाने कर वसूल रही है। इससे पहले अनाथ बच्चों के नाम पर पेट्रोल और डीजल पर सेस बढ़ाया गया था और अब विधवाओं के संरक्षण के नाम पर भी नया टैक्स थोप दिया गया है। सरकार सामाजिक कल्याण के नाम पर जनता की जेबें काट रही है।” पार्टी दफ्तर में ‘उपाध्याय प्रशिक्षण महाभियान’ को लेकर मंथन पत्रकार वार्ता के साथ-साथ भाजपा कार्यालय में एक महत्वपूर्ण सांगठनिक बैठक भी आयोजित की गई। इस बैठक के दौरान आगामी ‘उपाध्याय प्रशिक्षण महाभियान’ के सफल आयोजन को लेकर विस्तृत रूपरेखा तैयार की गई। बैठक में उपस्थित वरिष्ठ नेताओं और पदाधिकारियों ने प्रशिक्षण वर्ग के विभिन्न सत्रों, सांगठनिक व्यवस्थाओं, वक्ताओं के चयन और निचले स्तर तक कार्यकर्ताओं की सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित करने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर गहन विचार-विमर्श किया। भाजपा नेताओं ने स्पष्ट किया कि इस महाभियान के जरिए पार्टी कार्यकर्ताओं को वैचारिक रूप से और मजबूत किया जाएगा ताकि सरकार की विफलताओं को जनता के बीच प्रभावी ढंग से ले जाया जा सके।