मंडी में ऑटो रिक्शा ऑपरेटर यूनियन ने मंगलवार को अपनी विभिन्न मांगों को लेकर एक घंटे की सांकेतिक हड़ताल की। सुबह 10 बजे से 11 बजे तक चली इस हड़ताल के कारण मंडी शहर में ऑटो संचालन प्रभावित रहा। बाद में यूनियन पदाधिकारियों ने क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी (आरटीओ) नवीन कुमार से मुलाकात कर अपनी समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की, जिसके बाद हड़ताल समाप्त कर दी गई। यूनियन के महासचिव होशियार सिंह ने बताया कि उनकी चार प्रमुख मांगें थीं। इनमें ऑटो में डस्टबिन रखने के निर्देश, ड्रेस कोड को लेकर किए जा रहे चालान, किराया दरों में संशोधन और अन्य संचालन संबंधी मुद्दे शामिल थे। यूनियन ने यह भी स्वीकार किया कि प्रत्येक ऑटो चालक के पास निर्धारित रेट लिस्ट होनी चाहिए और उसे ऑटो में प्रदर्शित करना अनिवार्य है, ताकि यात्रियों को सही किराए की जानकारी मिल सके। सभी ऑटो में रेट लिस्ट लगाने के निर्देश आरटीओ नवीन कुमार ने स्पष्ट किया कि पेंशन वेलफेयर एसोसिएशन की शिकायत के बाद यह निर्देश दिए गए थे कि कई ऑटो चालक रेट लिस्ट प्रदर्शित नहीं करते। इसी के मद्देनजर सभी चालकों को अपने वाहनों में रेट लिस्ट लगाने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने स्वच्छता बनाए रखने के लिए ऑटो में डस्टबिन रखने का भी निर्देश दिया, साथ ही यह विकल्प भी दिया कि यदि डस्टबिन संभव न हो तो कैरी बैग का उपयोग किया जा सकता है। आरटीओ ने दिया समस्याओं के समाधान का आश्वासन बैठक के दौरान यूनियन ने प्रशासन द्वारा दिए गए निर्देशों को स्वीकार किया, लेकिन यह मांग भी रखी कि नियमों का पालन करवाते समय अनावश्यक चालान न किए जाएं। यूनियन का कहना था कि पहले चालकों को जागरूक और समझाया जाए, तथा वास्तविक उल्लंघन की स्थिति में ही कार्रवाई की जाए। आरटीओ नवीन कुमार ने यूनियन की सभी बातों को गंभीरता से सुना और सभी मुद्दों पर सकारात्मक समाधान का आश्वासन दिया। इस आश्वासन के बाद यूनियन ने अपनी हड़ताल समाप्त कर दी और उम्मीद जताई कि उनकी लंबित मांगों पर जल्द ही उचित निर्णय लिया जाएगा।