हिमाचल प्रदेश के 51 नगर निकायों में नामांकन पत्रों की आज (सोमवार को) छंटनी हो रही है। इस दौरान गलत पाए जाने वाले नॉमिनेशन रद्द किए जाएंगे। 51 निकायों में 449 पदों के लिए 1426 दावेदारों ने आवेदन कर रखा है। कांगड़ा जिला में सबसे ज्यादा 269 दावेदारों ने नामांकन भर रखे हैं। राज्य के छह निकायों में छह पार्षद पद के लिए सिंगल नॉमिनेशन आया है। इनमें कुल्लू जिला की नगर पंचायत बंजार का वार्ड नंबर-6, मंडी की नगर पंचायत रिवाल्सर का वार्ड नंबर-1, नगर पंचायत करसोग का वार्ड नंबर-1, शिमला जिला का नेरवा नगर पंचायत का वार्ड नंबर-2 और नगर पंचायत चिढ़गांव का वार्ड नंबर-2 शामिल है। इन वार्ड में पार्षद पद के लिए एक-एक नॉमिनेशन आया है। ऐसे में यदि इनके नामांकन आज की जांच में सही पाए गए तो इनका निर्विरोध चुनना तय है। हालांकि, आधिकारिक घोषणा परसों यानि छह मई को नामांकन वापसी के बाद होगा। 6 मई को नामांकन पत्रों की वापसी छंटनी के बाद परसों यानी 6 मई को नामांकन वापसी होगी। इच्छुक लोग दोपहर 3 बजे तक अपने नामांकन वापस ले सकेंगे। इसी दिन दोपहर तीन बजे के बाद चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों को चुनाव चिन्ह दिए जाएंगे। इन सभी निकायों में 17 अप्रैल को सुबह सात बजे वोटिंग होगी। नगर पंचायत और नगर परिषद के रिजल्ट उसी दिन आएंगे, जबकि चार नगर निगम सोलन, मंडी, धर्मशाला और पालमपुर में रिजल्ट के लिए 31 मई का इंतजार करना पड़ेगा। 3.60 लाख मतदाता करेंगे वोट इन चुनावों में 1 लाख 80 हजार 963 पुरुष, 1 लाख 79 हजार 882 महिला वोटर और 14 अन्य वोटर मतदान करेंगे। कुल मिलाकर 3 लाख 60 हजार 859 वोटर मतदान करेंगे। इनमें 18 वर्ष की आयु पूरा करने 1808 ऐसे वोटर हैं जो पहली बार मतदान करेंगे। सत्ता का सेमिफाइनल माने जा रहे निगम चुनाव प्रदेशवासियों की नजरें नगर निगम चुनाव पर टिकी है, क्योंकि यह चुनाव पार्टी चिन्ह पर होता है। इस वजह से निगम चुनाव को साल 2027 में होने वाले विधानसभा इलेक्शन से पहले सत्ता का सेमिफाइनल माना जा रहा है। इस वजह से कांग्रेस और भाजपा दोनों दल चुनाव में जान फूंक रहे हैं।