हिमाचल प्रदेश के दौलतपुर चौक से पंजाब के कटरौली तक ब्रॉडगेज रेलवे लाइन का निर्माण पूरा हो गया है। उत्तर रेलवे के प्रिंसिपल चीफ इलेक्ट्रिकल इंजीनियर जतिंद्र सिंह 23 मार्च को इस नए रेलवे सेक्शन में ओवरहेड इक्विपमेंट (OHE) का निरीक्षण करेंगे। उनके दौरे को लेकर अंबाला इलेक्ट्रिकल कंस्ट्रक्शन यूनिट के अधिकारी सक्रिय हो गए हैं। लगभग 10.5 किलोमीटर लंबे इस रेलवे सेक्शन में रेल ट्रैक के विद्युतीकरण का कार्य पूर्ण हो चुका है। प्रिंसिपल चीफ इलेक्ट्रिकल इंजीनियर इसका निरीक्षण करेंगे। इसके बाद, चीफ कमिश्नर रेलवे सेफ्टी इस नए रेलवे सेक्शन की गुणवत्ता की जांच करेंगे। इलेक्ट्रिक लोको का गति परीक्षण भी करेंगे परीक्षण इस दौरान इलेक्ट्रिक लोको का गति परीक्षण भी किया जाएगा। चीफ कमिश्नर रेलवे सेफ्टी से फिटनेस सर्टिफिकेट मिलने के बाद ही दौलतपुर चौक-कटरौली ब्रॉडगेज रेलवे लाइन पर रेल यातायात शुरू हो सकेगा। दौलतपुर चौक से कटरौली सेक्शन की कुल लंबाई 10.5 किलोमीटर है, जिसमें 7.80 किलोमीटर एलिवेटेड रेल ट्रैक बनाया गया है। इस सेक्शन में तीन बड़े पुल, चार छोटे पुल और दो रेलवे ओवर ब्रिज शामिल हैं। इस पूरे रेलवे सेक्शन के निर्माण पर लगभग 677 करोड़ रुपए की लागत आई है। कटरौली से तलवाड़ा रेलवे सेक्शन 13.65 किलोमीटर लंबा वहीं, कटरौली से तलवाड़ा रेलवे सेक्शन 13.65 किलोमीटर लंबा है, जिसमें 9.2 किलोमीटर एलिवेटेड रेल ट्रैक का निर्माण किया जाएगा। इस सेक्शन में एक प्रमुख पुल, सात छोटे पुल, दो आरओबी (रेलवे ओवर ब्रिज) और आठ आरयूबी (रेलवे अंडर ब्रिज) पर कार्य प्रगति पर है, जिसका लगभग 25 प्रतिशत पूरा हो चुका है। इसके अतिरिक्त, तलवाड़ा से मुकेरियां सेक्शन 28.70 किलोमीटर लंबा है, जहां 13 बड़े पुलों का कार्य चल रहा है और इसमें लगभग 70 प्रतिशत प्रगति दर्ज की गई है। इस सेक्शन में 40 आरयूबी में से 29 पूरे हो चुके हैं, जबकि शेष पर कार्य जारी है। 22 दिसंबर, 1974 को रखी गई थी रेलवे लाइन की आधारशिला यह उल्लेखनीय है कि नंगल डैम-ऊना से तलवाड़ा रेलवे लाइन की आधारशिला 22 दिसंबर, 1974 को रखी गई थी। यह रेलवे लाइन सामरिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है। पहले एकमुश्त बजट के अभाव में इस रेलवे लाइन का कार्य धीमी गति से चला, लेकिन पिछले कुछ वर्षों से इसके निर्माण कार्य में तेजी आई है।