हिमाचल प्रदेश के मंडी में पीलिया के कारण एक नवविवाहिता की मौत हो गई। मंडी उपमंडल के गोहर की नेहरा पंचायत के रौड़ी गांव की 19 वर्षीय शानिया (पत्नी सौरव) ने बीती रात PGI चंडीगढ़ में अंतिम सांस ली। क्षेत्र में पीलिया के कारण यह तीसरी मौत है। इससे पहले एक महिला और 14 साल के लड़के की भी पीलिया के कारण जान जा चुकी है। गोहर क्षेत्र में पिछले चार महीनों से पीलिया का प्रकोप बना हुआ है। क्षेत्र में अब तक 210 लोग पीलिया से संक्रमित हो चुके हैं, हालांकि इनमें से ज्यादातर लोग स्वस्थ हो गए हैं। बताया जा रहा है कि शानिया की पिछले साल ही सौरव से शादी हुई थी और वह सेकेंड ईयर की पढ़ाई कर रही थी। एक सप्ताह पहले उसमें पीलिया के लक्षण दिखाई दिए, जिसके बाद उसे सिविल अस्पताल गोहर में भर्ती कराया गया। PGI चंडीगढ़ में तोड़ा दम हालत में सुधार न होने पर डॉक्टरों ने उसे मेडिकल कॉलेज नेरचौक रेफर किया, लेकिन वहां भी स्वास्थ्य में सुधार नहीं हुआ। स्थिति बिगड़ने पर उसे PGI चंडीगढ़ भेजा गया, जहां उपचार के दौरान बुधवार देर रात उसकी मौत हो गई। क्षेत्र के लोगों में दहशत लगातार बढ़ते मामलों के कारण स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल है। लोगों का आरोप है कि बढ़ते मामलों के बावजूद प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग पीलिया पर काबू पाने में नाकाम रहा है। ग्रामीणों ने जल्द प्रभावी कदम उठाने की मांग की है। बताया जा रहा है कि क्षेत्र में दूषित पानी की वजह से लोग संक्रमित हो रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को पानी उबालकर पीने की सलाह दी है। स्वास्थ्य विभाग सतर्क: CMO मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) दीपाली शर्मा ने कहा कि गोहर में सामने आ रहे पीलिया के मामलों को लेकर स्वास्थ्य विभाग सतर्क है। उन्होंने कहा लोगों को घर घर जाकर जागरूक किया जा रहा है, जहां दिक्कत आ रही है वहां पानी के सैंपल भी भरे जा रहे हैं। लोगों को एडवाइजरी जारी की जा रही और पानी उबाल कर पीने की सलाह दी गई है।