पर्यटकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए हिमाचल प्रदेश पुलिस ने पैराग्लाइडिंग ऑपरेटरों की ड्रग स्क्रीनिंग कराई। इस दौरान कुल 65 ऑपरेटरों की मेडिकल जांच की गई। इनमें 62 स्थानीय और तीन विदेशी ऑपरेटर शामिल हैं। सभी के ब्लड और यूरिन सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे गए हैं। डीआईजी नॉर्दर्न रेंज सौम्या सांबशिवन ने पुलिसकर्मियों और मेडिकल टीम के साथ पैराग्लाइडिंग साइट का निरीक्षण किया। उन्होंने मौके पर मौजूद रहकर जांच प्रक्रिया की निगरानी भी की। ऑपरेटरों की नियमित जांच और निगरानी जरूरी पुलिस के अनुसार, सैंपल की जांच से पता चलेगा कि कोई ऑपरेटर नशीले या मादक पदार्थों के प्रभाव में पैराग्लाइडिंग तो नहीं कर रहा था। नशे की हालत में पर्यटकों को लेकर उड़ान भरना उनकी जान के लिए खतरा बन सकता है। ऐसे में ऑपरेटरों की नियमित जांच और निगरानी जरूरी है। आम लोगों की सुरक्षा उसकी प्राथमिकता पुलिस ने स्पष्ट किया कि पर्यटकों और आम लोगों की सुरक्षा उसकी प्राथमिकता है। हिमाचल में साहसिक पर्यटन को सुरक्षित बनाने के लिए पैराग्लाइडिंग गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करने वाले ऑपरेटरों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने कहा कि पर्यटकों की सुरक्षा से किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा।

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