हिमाचल प्रदेश में PWD विक्रमादित्य सिंह की ओर से नौकरशाही को लेकर दिए गए बयान के बाद राजनीतिक माहौल गरमा गया है। कई मंत्रियों के कटाक्ष के बाद बड़ी संख्या में विक्रमादित्य सिंह समर्थक आज शिमला स्थित होलीलॉज पहुंचे। हाथों में तख्तियां और पोस्टर लिए समर्थकों ने विक्रमादित्य सिंह के पक्ष में नारे लगाए और यह संदेश देने की कोशिश की कि पार्टी के भीतर भले ही अलग-अलग राय हों, लेकिन जनता का एक बड़ा वर्ग उनके साथ खड़ा है। युवा कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष यदोपति ठाकुर ने कहा- हजारों परिवारों की पहले भी होलीलॉज पर आस्था थी। आज भी है। उन्होंने कहा- कांग्रेस वर्कर किसी के विरोध में नहीं बल्कि अपने प्रिय नेता के समर्थन में होलीलॉज पहुंचे हैं। उन्होंने कहा- विक्रमादित्य सिंह अकेले नहीं है। इस दौरान कांग्रेस नेताओं ने ‘साथ थे, साथ हैं और साथ रहेंगे’ जैसे नारों के साथ समर्थकों ने मंत्री के प्रति अपनी निष्ठा जाहिर की। इस दौरान ‘जब तक सूरज-चांद रहेगा, राजा साहब का नाम रहेगा’ जैसे नारे भी गूंजते रहे। विक्रमादित्य के बयान के बाद जहां कांग्रेस के भीतर मतभेद उभरकर सामने आए, वहीं अब मंत्री के समर्थन में उनके समर्थक खुलकर मैदान में उतर आए हैं। कांग्रेस के भीतर अलग-अलग सुर इस पूरे विवाद के दौरान कांग्रेस सरकार के कुछ मंत्रियों और विधायकों ने विक्रमादित्य सिंह के बयान से दूरी बनाते हुए संयम की सलाह दी थी। कैबिनेट मंत्री जगत सिंह नेगी, अनिरुद्ध सिंह और राजेश धर्माणी सहित कुछ नेताओं की टिप्पणियों से साफ था कि पार्टी के भीतर इस मुद्दे पर एकमत नहीं है। वहीं शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने सार्वजनिक रूप से विक्रमादित्य सिंह का समर्थन कर राजनीतिक हलकों में चर्चा को और तेज कर दिया। समर्थकों बोले- अकेले नहीं हैं विक्रमादित्य सिंह होलीलॉज में इस शक्ति प्रदर्शन के जरिए समर्थकों ने यह स्पष्ट करने की कोशिश की कि मंत्री को लेकर यह धारणा गलत है कि वे सरकार या संगठन में अलग-थलग पड़ गए हैं। समर्थकों का कहना था कि हिमाचल के हितों से जुड़ी आवाज उठाने की वजह से ही वे जनता में लोकप्रिय हैं। विक्रमादित्य बोले- हिमाचल के हित सर्वोपरि समर्थकों को संबोधित करते हुए PWD विक्रमादित्य ने कहा- उनके लिए प्रदेश के हित सर्वोच्च हैं। वे अपने पिता, पूर्व सीएम स्व. वीरभद्र सिंह के सिद्धांतों और सोच के अनुरूप काम कर रहे हैं। हिमाचल के हर वर्ग की समस्याओं को उठाना और उनका समाधान करना उनका कर्तव्य है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सीएम और पार्टी नेतृत्व द्वारा सौंपी गई जिम्मेदारियों को वे पूरी निष्ठा से निभा रहे हैं। सड़कों के निर्माण, केंद्र से संसाधन जुटाने और बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की दिशा में लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।उन्होंने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री के हर निर्देश को जमीन पर उतारना उनकी प्राथमिकता है। प्रतिभा सिंह ने दिया संतुलित बयान पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रतिभा सिंह ने पूरे घटनाक्रम पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि सरकार के भीतर मतभेद और चर्चा सामान्य प्रक्रिया है। उन्होंने कहा- मंत्री ने अपनी बात रखी, सरकार की भी अपनी राय है, इसे बेवजह तूल देने की जरूरत नहीं है। प्रतिभा सिंह ने कहा कि विक्रमादित्य सिंह एक अनुभवी नेता हैं और उन्हें यह भलीभांति पता है कि कब और कैसे अपनी बात रखनी है। उन्होंने समर्थकों और खासतौर पर युवाओं का धन्यवाद करते हुए कहा कि उनके समर्थन से यह साफ हो गया है कि हिमाचल के हितों की लड़ाई में वे अकेले नहीं हैं।