मंडी से कोटली तक निर्माणाधीन एनएच-003 का निरीक्षण करने पहुंची एनएचएआई की टीम को तल्याढ़ में स्थानीय लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा। सेवानिवृत्त इंजीनियर बी.डी. जोशी के नेतृत्व में आई टीम को लोगों ने घेर लिया। स्थानीय निवासियों का कहना है कि निर्माण कंपनी गुणवत्ता की अनदेखी कर रही है। हाल ही में की गई टायरिंग मात्र दो दिन में ही उखड़ गई। मकानों के पास की गई कटाई से घरों को खतरा पैदा हो गया है। कंपनी ने न तो सुरक्षा दीवारें लगाई हैं और न ही सड़कों पर पानी का छिड़काव हो रहा है। इससे चारों तरफ धूल फैली हुई है। अंतरा देवी, सीमा शर्मा और निर्मला देवी सहित स्थानीय लोगों ने बताया कि पिछले एक साल से कंपनी अव्यवस्थित तरीके से काम कर रही है। कटाई के दौरान लोगों के घरों तक जाने वाले रास्ते भी उखाड़ दिए गए हैं। इन रास्तों का पुनर्निर्माण नहीं किया गया है। बारिश के कारण जगह-जगह फेंकी गई मिट्टी से फिसलन बढ़ गई है। गाड़ी चलाना खतरनाक हो गया है। समाजसेवी अनुपमा सिंह ने टीम के सामने एनएच-003 की समस्याओं को रखा। उन्होंने दो दिन के भीतर प्रभावित लोगों के साथ बैठक की मांग की है। अगर बैठक नहीं होती है तो सैकड़ों लोगों के साथ चक्का जाम और एनएचएआई का घेराव करने की चेतावनी दी है।

Spread the love