हिमाचल में धर्मशाला के स्पाणु गांव में रह रही एक तुर्की की मुस्लिम महिला ने सांप्रदायिक एकता की मिसाल पेश की है। पहलगांव में हिंदुओं की हत्या के विरोध में निकाली गई रैली में विदेशी महिला की मौजूदगी ने सभी का ध्यान खींचा। रैली में भाग लेते हुए उन्होंने न केवल घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया, बल्कि इसे “मानवता के खिलाफ अपराध” बताया। उनकी आंखों में आंसू थे और वे बेहद भावुक नजर आईं। हैरानी और सराहना की बात यह रही कि उन्होंने भारत के समर्थन में “वंदे मातरम्” और “भारत माता की जय” जैसे राष्ट्रीय नारों को भी पूरी श्रद्धा और जोश के साथ लगाया। पुलिस महिला की पहचान करने में जुटी महिला ने रैली में हत्याकांड की निंदा की। उन्होंने इस घटना को मानवता के खिलाफ अपराध बताया। भावुक होकर उन्होंने वंदे मातरम् और भारत माता की जय के नारे भी लगाए। रैली में मौजूद लोगों ने उनकी इस पहल का स्वागत किया। इस घटना को लेकर एसएसपी कांगड़ा शालिनी अग्निहोत्री ने बयान दिया कि तुर्की महिला की उपस्थिति और रैली में भागीदारी को लेकर पुलिस विभाग जानकारी जुटा रहा है। उन्होंने कहा कि महिला की पहचान, उसके वीजा और निवास से संबंधित विवरणों की भी जांच की जा रही है।