94 साल बाद हिंदुस्तान में जातिगत जनगणना केंद्र की सरकार कराने जा रही है ऐसे में इसकी अब तक मांग करने वाली कांग्रेस हो या फिर उनकी सहयोगी पार्टियां सवालों के घेरे में खुद हैं। खासतौर पर कांग्रेस इसलिए क्योंकि 2011 की जनगणना जो देश की आखिरी जनगणना है उसमें जातियां गिनी जरूर गई थी लेकिन उसके आंकड़े कभी सामने नहीं आ पाए। 

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