Mahakumbh 2025: महाकुंभ में सभी अखाड़ों के स्नान का क्रम और उसकी टाइमिंग पहले से तय थी इसलिए उसी के मुताबिक साधु-संत आगे बढ़े और अमृत स्नान किया। इससे पहले अमृत स्नान को शाही स्नान कहा जाता था, लेकिन पर इसे अमृत स्नान कहा गया। इसे लेकर जूना अखाड़े के पीठाधीश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि ने इस नाम के पीछे का अर्थ बताया।
Mahakumbh 2025: महाकुंभ में सभी अखाड़ों के स्नान का क्रम और उसकी टाइमिंग पहले से तय थी इसलिए उसी के मुताबिक साधु-संत आगे बढ़े और अमृत स्नान किया। इससे पहले अमृत स्नान को शाही स्नान कहा जाता था, लेकिन पर इसे अमृत स्नान कहा गया। इसे लेकर जूना अखाड़े के पीठाधीश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि ने इस नाम के पीछे का अर्थ बताया।