शिमला के रामपुर खनेरी अस्पताल में करीब नौ माह के इंतजार के बाद सरकार ने रेडियोलॉजिस्ट की तैनाती की है। ऐसे में अब चार जिलों के हजारों मरीजों के लिए राहत की खबर है। खासकर गर्भवती महिलाओं के लिए, जिन्हें अल्ट्रासाउंड के लिए अस्पताल से बाहर जाना पड़ रहा था। अब यहां तैनात रेडियोलॉजिस्ट को अल्ट्रासाउंड करने के लिए सीएमओ शिमला की मंजूरी का इंतजार है। मंजूरी मिलते ही अस्पताल में मरीजों को अल्ट्रासाउंड करवाने की सुविधा शुरू हो जाएगी। हर रोज 1200 तक रहती है ओपीडी रामपुर के महात्मा गांधी खनेरी अस्पताल में रोजाना शिमला, कुल्लू, किन्नौर और मंडी जिले से लोग बेहतर उपचार के लिए पहुंचते हैं। अस्पताल में रोजाना एक हजार से 1200 तक ओपीडी रहती है, जिनमें से करीब 200 से 250 मामले महिला रोग विशेषज्ञ से जुड़े हुए हैं। अस्पताल में बीते मार्च माह से रेडियोलॉजिस्ट का पद रिक्त पड़ा था, जिस कारण मरीजों को अस्पताल के बाहर जाकर अल्ट्रासाउंड करवाने पड़ रहे थे। सबसे अधिक परेशानियां गर्भवती महिलाओं को पेश आ रही थी। जल्द शुरु होगी अल्ट्रासाउंड की सुविधा खनेरी अस्पताल के एमएस डॉ. अजय नेगी ने बताया कि अस्पताल में रेडियोलॉजिस्ट की तैनाती हो गई है। सीएमओ शिमला से अधिकृत होने के बाद अस्पताल में अल्ट्रासाउंड की सुविधा शुरू होगी। अस्पताल में हर माह 200 से 250 प्रसव करवाए जाते हैं, ऐसे में रेडियोलॉजिस्ट न होने से गर्भवती को अस्पताल के भीतर अल्ट्रासाउंड सुविधा से महरूम रहना पड़ रहा था। अस्पताल में जहां निशुल्क अल्ट्रासाउंड करवाने की सुविधा है, वहीं उन्हें निजी संस्थानों में हजारों रुपये खर्च कर अल्ट्रासाउंड करवाने पड़ रहे थे। वहीं अल्ट्रासाउंड से जुड़े अन्य मरीज भी आर्थिक मार झेल रहे थे। ऐसे में अब सरकार ने अस्पताल में रेडियोलॉजिस्ट की तैनाती कर दी है।