18 साल पहले गोविंद कानपुर से नौकरी की तलाश में मुंबई गया हुआ था। मुंबई में बीमार पड़ने के बाद उसने कानपुर के लिए ट्रेन पकड़ी, गलती से वह दूसरी ट्रेन में बैठ गया। वह कानपुर की जगह जयपुर पहुंच गया। इसके बाद वह जयपुर में ही रहकर नौकरी करने लगा और कानपुर नहीं गया।
18 साल पहले गोविंद कानपुर से नौकरी की तलाश में मुंबई गया हुआ था। मुंबई में बीमार पड़ने के बाद उसने कानपुर के लिए ट्रेन पकड़ी, गलती से वह दूसरी ट्रेन में बैठ गया। वह कानपुर की जगह जयपुर पहुंच गया। इसके बाद वह जयपुर में ही रहकर नौकरी करने लगा और कानपुर नहीं गया।