हिमाचल के चंबा के खजियार में NRI दंपत्ति द्वारा प्रदेश पुलिस पर सवाल खड़े करने के मामले में नया ट्विस्ट आया है। हिमाचल पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) अतुल वर्मा द्वारा सोमवार को मीडिया में जारी बयान में कहा गया- NRI दंपत्ति कंवलजीत​​​​​​​ सिंह, उनकी स्पेनिश पत्नी और उनके भाई ​​​​​​​जीवनजीत सिंह ​​​​​​​हस्तरेक्षा शास्त्र का अभ्यास करने के बहाने महिला पर्यटकों और स्थानीय महिलाओं का जबरन हाथ पकड़ रहे थे। इस दौरान NRI दंपत्ति की वहां मौजूद पर्यटकों और स्थानीय लोगों के साथ कहासुनी हो गई। घटना के तुरंत बाद पुलिस ने इस मामले में हस्तक्षेप किया और NRI दंपत्ति को सुल्तानपुर पुलिस चौकी ले आई। पुलिस के अनुसार, इस मामले में NRI दंपत्ति और जीवनजीत सिंह ने कोई भी कानूनी कार्रवाई करने से इनकार कर दिया और स्थानीय पुलिस के अनुरोध करने के बावजूद मेडिकल करवाने को मुकर गए। इसे लेकर कंवलजीत सिंह का बयान भी पुलिस के पास दर्ज है, जिसमे उन्होंने मारपीट के मामले में कार्रवाई करने से इनकार किया। इस बयान को जीवनजीत सिंह ने भी तस्दीक किया। पुलिस ने इसकी प्रति मीडिया को जारी अपने बयान में संलग्न की है। 11 जून को खजियार में हुई थी मारपीट हिमाचल पुलिस के अनुसार, NRI दंपत्ति द्वारा लगाए जा रहे आरोप पूरी तरह झूठ, तथ्य से परे व तोड़-मरोड़ कर पेश किया जा रहा है। यह स्थानीय लोगों और हिमाचल पुलिस की छवि को धूमिल करने का प्रयास है, जबकि सच्चाई यह नहीं है। बता दें कि NRI दंपत्ति ने खजियार से लौटने के बाद पंजाब के अमृतसर पहुंचकर एक वीडियो जारी किया और हिमाचल पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए। इस मामले में प्रदेश पुलिस पर कार्रवाई नहीं करने के आरोप लगाए गए। स्थानीय लोगों पर भी सवाल खड़े किए गए। इससे देशभर में हिमाचल पुलिस की किरकिरी हुई और दुनियाभर में मशहूर पर्यटन स्थल खजियार की बदनामी हुई। अब इस मामले में NRI दंपत्ति पर ही पुलिस ने महिलाओं से छेड़छाड़ की बात कही है। चंडीगढ़ पुलिस के ASI मामले में भी सफाई चंडीगढ़ से जुड़े एक अन्य मामले में भी हिमाचल पुलिस की सफाई आई है। इसमें कहां गया 9 जून को चंडीगढ़ पुलिस में ASI परमजीत सिंह खजियार घूमने आए। उन्होंने अपनी टोयटा फॉर्चुनर गाड़ नंबर CH-01-CE-8821 को सड़क के बीचो बीच गलत ढंग से पार्क कर दिया। जब गाड़ी को हटाने के लिए बोला गया तो वह नाराज होकर बहस करने व गाली-गलोच करने लगा। इस मामले की सदर थाना प्रभारी चंबा ने जांच की गई, जिसमे चंडीगड़ पुलिस के एएसआई द्वारा लगाए गए सभी आरोप झूठे पाए गए। हिमाचल पुलिस ने ASI परमजीत सिंह द्वारा गलत ढंग से पार्क गाड़ी का फोटो भी मीडिया को शेयर किया है,जिसमे गाड़ी रोंग साइड पार्क नजर आ रही है। हिमाचल पुलिस ने अपने बयान में कहा प्रदेश पुलिस पुलिस अनुशासित है और सदेव पर्यटकों की मदद के लिए तत्पर रहती है। देवभूमि हिमाचल शांत राज्य है।

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