हिमाचल प्रदेश में विधायकों की खरीद-फ़रोख़्त मामले में दर्ज FIR पर धर्मशाला से पूर्व विधायक एवं कांग्रेस के बागी सुधीर शर्मा ने सवाल उठाए है। सुधीर शर्मा ने कहा- मुख्यमंत्री सुखविंदर सुक्खू के विश्वास पात्र शिमला SP ने शिकायतकर्ता एवं CPS संजय अवस्थी का धर्म यहूदी लिखा है। इसी तरह 37 साल से हमीरपुर से इंडिपेंडेंट MLA आशीष शर्मा की उम्र FIR में 30 साल लिखी गई है। FIR में गगरेट से पूर्व विधायक चैतन्य शर्मा के पिता राकेश शर्मा की उम्र भी 30 साल लिखी गई है। सुधीर शर्मा ने इनकी उम्र और अवस्थी का धर्म यहूदी लिखने पर प्रश्न चिन्ह खड़े किए। उन्होंने कहा कि रिटायर IAS राकेश शर्मा की आयु भी 30 साल लिखना हास्यास्पद है। यह बताता है कि प्रदेश की बागडोर कितने कमजोर व्यक्ति के पास है। इन दोनों पर अवस्थी ने करवा रखी FIR बता दें कि कांग्रेस के बागी पूर्व विधायक चैतन्य शर्मा और इंडिपेंडेंट MLA आशीष शर्मा के खिलाफ CPS अवस्थी ने बालूगंज थाना में FIR करवा रखी है। इसमें इन दोनों पर सरकार को गिराने के लिए षड़यंत्र रचने और विधायकों की खरीद-फ़रोख़्त का आरोप है। इस मामले में आशीष शर्मा और राकेश शर्मा ने हाईकोर्ट से अग्रिम जमानत ले रखी है। जनता के सामने साक्ष्य रखे मुख्यमंत्री सुधीर ने कहा- इस तरह से जाली FIR लिखकर मुख्यमंत्री सुक्खू जनता के सामने तरह-तरह के आरोप लगा रहे हैं। मुख्यमंत्री कह रहे हैं कि उन्होंने चंडीगढ़ में उस दुकान का पता लगा दिया है, जहां से कांग्रेस के छह पूर्व विधायकों ने अटैची खरीदी है। उन्होंने कहा- यदि मुख्यमंत्री सच्चे हैं तो उन्हें जनता के सामने साक्ष्य रखने चाहिए। दरअसल, मुख्यमंत्री ने पिछले कल गैलोड़ में जनसभा में कहा था कि उन्होंने चंडीगढ़ में उस दुकान का भी पता लगा दिया है। जहां से इन विधायकों ने पैसे रखने के लिए अटैची खरीदी थी। बता दें कि मुख्यमंत्री सुक्खू बार बार कांग्रेस के छह बागी और तीन इंडिपेंडेंट MLA पर 15-15 करोड़ में बिकने के कई बार खुले मंच से आरोप लगा चुके हैं। इन्हीं आरोपों और सरकार गिराने की साजिश से जुड़ी हुई शिमला के बालूगंज थाना में एक FIR दर्ज की गई है। इस एफआईआर पर सुधीर ने आज मुख्यमंत्री पर पलटवार किया है।