शिमला पुलिस ने नशा तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 6 करोड़ रुपए कीमत की 1.120 किलोग्राम हाई ग्रेड हेरोइन (चिट्टा) बरामद की है। इस मामले में हरियाणा के अंबाला निवासी एक अंतरराज्यीय तस्कर को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के अनुसार, इस साल में हिमाचल प्रदेश में अब तक की यह सबसे बड़ी हेरोइन बरामदगी है। पुलिस के अनुसार, 3 अगस्त को जिला शिमला की स्पेशल सेल ने गुप्त सूचना के आधार पर शोघी के पास नाकाबंदी की। इस दौरान अंबाला जिले की नारायणगढ़ तहसील निवासी विजय कुमार (22) को गिरफ्तार किया गया। उसके कब्जे से 1 किलो 120 ग्राम हाई ग्रेड हेरोइन (चिट्टा) बरामद हुई। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी गई है। शिमला में सप्लाई करने के लिए लाया था खेप प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी हरियाणा से हेरोइन की खेप शिमला में सप्लाई करने के लिए लाया था। पुलिस के अनुसार, वह तारा देवी क्षेत्र में अपने संपर्कों को यह खेप सौंपने की तैयारी में था, लेकिन स्पेशल सेल ने डिलीवरी से पहले ही उसे गिरफ्तार कर लिया। बड़ी खेप और नेटवर्क पर फोकस शिमला पुलिस ने बताया कि साल 2026 में नशा तस्करी के खिलाफ अपनी रणनीति में बदलाव किया गया है। अब केवल अधिक मामले दर्ज करने के बजाय बड़ी बरामदगी, मुख्य सप्लायरों की गिरफ्तारी, बैकवर्ड लिंकेज की पड़ताल, तकनीकी और वित्तीय जांच तथा पूरे अंतरराज्यीय नेटवर्क को ध्वस्त करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। इसके अलावा, आदतन नशा तस्करों के खिलाफ PITNDPS एक्ट के तहत भी सख्त कार्रवाई की जा रही है। इस साल 4 किलो से ज्यादा हेरोइन जब्त पुलिस के अनुसार, साल 2026 में अब तक जिला शिमला में 4 किलोग्राम से अधिक हेरोइन बरामद की जा चुकी है, जो पिछले दो वर्षों की कुल बरामदगी से लगभग चार गुना अधिक है। इसके अलावा 14 किलोग्राम अफीम, 15 किलोग्राम चरस, 5 किलोग्राम से अधिक पोस्त, 11.6 ग्राम एलएसडी, लगभग 60 ग्राम मेथामफेटामाइन (आइस) तथा 10 लाख से अधिक अवैध भांग के पौधे बरामद या नष्ट किए गए हैं। नई रणनीति की अब तक की बड़ी सफलता पुलिस का कहना है कि 1.120 किलोग्राम हेरोइन की यह बरामदगी वर्ष 2026 में नशा तस्करी के खिलाफ अपनाई गई नई रणनीति की अब तक की सबसे बड़ी सफलता है।