हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले में सरकारी कार्यालय के भीतर महिला सुरक्षा को लेकर एक गंभीर मामला सामने आया है। जिला ग्रामीण विकास अभिकरण (DRDA) कार्यालय में कार्यरत एक महिला कर्मचारी ने विभाग के ही एक जूनियर इंजीनियर (JE) पर यौन उत्पीड़न, मानसिक प्रताड़ना और जान से मारने की धमकी देने का संगीन आरोप लगाया है। महिला की लिखित शिकायत पर कुल्लू महिला पुलिस थाने ने आरोपी अधिकारी के खिलाफ मामला दर्ज कर तफ्तीश शुरू कर दी है। महीनों से कर रहा था पीछा, दफ्तर के अंदर-बाहर बनाया दबाव शिकायतकर्ता महिला कर्मचारी के अनुसार, आरोपी जूनियर इंजीनियर पिछले कई महीनों (विशेषकर 6 जनवरी से) से लगातार उसका पीछा कर रहा था। आरोपी ने कार्यालय परिसर के भीतर और बाहर महिला पर अनुचित तथा यौन संबंधी मांगें मानने का लगातार दबाव बनाया। महिला कर्मचारी ने आरोपी को कई बार सुधरने और अपनी हरकतों से बाज आने की चेतावनी भी दी थी, लेकिन उसकी हरकतों में कोई सुधार नहीं आया। मांगें ठुकराने पर अश्लीलता और अभद्र व्यवहार आरोप के मुताबिक, जब महिला ने जूनियर इंजीनियर की अनुचित मांगों को पूरी तरह अस्वीकार कर दिया, तो आरोपी का व्यवहार और अधिक आक्रामक हो गया। उसने कार्यालय परिसर के भीतर ही सभी मर्यादाएं लांघते हुए महिला के खिलाफ बेहद अशोभनीय, अभद्र और अश्लील भाषा का प्रयोग करना शुरू कर दिया, जिससे महिला को भारी मानसिक प्रताड़ना झेलनी पड़ी। पति सहित पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी मामला तब और गंभीर हो गया जब आरोपी ने हदें पार करते हुए पीड़िता और उसके पति को जान से मारने की सीधी धमकी दे डाली। यही नहीं, आरोपी अधिकारी ने महिला को नौकरी से निकलवाने और गंभीर परिणाम भुगतने का डर दिखाकर चुप रहने का दबाव भी बनाया। इस प्रताड़ना और खौफ से तंग आकर आखिरकार पीड़िता ने न्याय के लिए पुलिस का दरवाजा खटखटाया। महिला पुलिस थाने की विशेष टीम कर रही है जांच कुल्लू महिला पुलिस थाने ने पीड़िता के विस्तृत बयान दर्ज करने के बाद विभिन्न कानूनी धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए महिला पुलिस थाने की एक विशेष टीम गठित की गई है जिसने जांच तेज कर दी है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार साक्ष्य जुटाने के लिए कार्यालय के अन्य अधिकारियों व कर्मचारियों से भी पूछताछ की जाएगी। लिस प्रशासन का कहना है कि महिला उत्पीड़न के इस मामले की हर पहलू से गहनता से तफ्तीश की जा रही है। डिजिटल साक्ष्यों (यदि कोई उपलब्ध हो) और मौखिक सबूतों को एकत्रित कर आरोपी जूनियर इंजीनियर के खिलाफ आगामी सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।