हिमाचल सरकार के एंट्री टैक्स के विरोध में पंजाब में निहंगों ने खालसा टैक्स की वसूली शुरू कर दी है। इसकी अगुआई निहंग संगठन तरना दल कर रहा है। बुधवार से ही कुल्लू-मनाली हाईवे पर कीरतपुर साहिब में इसकी वसूली की जा रही है। तरना दल के निहंग अच्छर सिंह ने कहा कि कार समेत छोटी गाड़ियों से 100 रुपए, छोटे कॉमर्शियल वाहनों से 200 रुपए और बड़ी गाड़ियों से 300 से 500 रुपए की वसूली की जा रही है। इसके अलावा दोपहर 3 बजे तक इसी हाईवे पर गांव मोड़ा के पास रोड भी जाम की जाएगी। इस तरह के टैक्स को गैरकानूनी बताने के सवाल पर निहंग अच्छर सिंह ने कहा कि यह पैसा सरबत के भले के लिए यूज होगा। हम किसी से जोर जबरदस्ती नहीं करेंगे। निहंग ने कहा कि NHAI जो टैक्स लेती है, उसके जरिए रोड बनाकर देती है। उससे हमें कोई नुकसान नहीं है। मगर, हिमाचल सरकार गुंडा टैक्स ले रही है। उन्होंने हिमाचल और पंजाब सरकार को चेतावनी दी कि अगर उन्हें रोकने की कोशिश की गई तो फिर वह पूरी तैयारी से आएं क्योंकि हम भी संघर्ष के लिए पूरी तरह से तैयार हैं। हिमाचल के टैक्स से जुड़ा ये विवाद क्या है, जानिए:- अगर कोई व्यक्ति किसी भी पॉइंट से हिमाचल में एंट्री करता है तो उससे एंट्री टैक्स वसूला जाता है। हालांकि यह कोई नई व्यवस्था नहीं है, बल्कि 1975 में हिमाचल प्रदेश टोल्स एक्ट के तहत यह व्यवस्था की गई है। सीएम सुक्खू के दखल के बाद घटे रेट: विवाद बढ़ने पर 31 मार्च 2026 को मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू को हस्तक्षेप करना पड़ा। सरकार ने निजी कारों और कुछ यात्री वाहनों पर प्रस्तावित बढ़ोतरी को वापस लेने की घोषणा की। इसके बावजूद एंट्री टैक्स को लेकर पंजाब और हिमाचल के बीच राजनीतिक बहस जारी रही। मौजूदा वक्त में कार/जीप/वैन के 100 रुपए, 6-12 सीट वाहन के 130 रुपए, ट्रैक्टर के 100 रुपए ओर भारी वाहनों के 800 रुपए तक लिए जा रहे हैं।

Spread the love