हिमाचल प्रदेश मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव्स एसोसिएशन (HPMRA) की मंडी इकाई ने अपनी बैठक में कई महत्वपूर्ण मांगें उठाई हैं। प्रदेशाध्यक्ष प्रकाश ठाकुर ने दवा प्रतिनिधियों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की, जिसमें कंपनियों और बाजार व्यवस्था द्वारा उन पर बढ़ते दबाव और शोषण का आरोप लगाया गया। बैठक के दौरान कई अहम प्रस्ताव पारित किए गए। इनमें काम के घंटे तय करना, सरकारी अस्पतालों में कार्य करने की स्पष्ट अनुमति देना और आवश्यक जीवन रक्षक दवाओं को मुफ्त उपलब्ध कराना शामिल है। इसके अतिरिक्त, आम जनता को राहत देने के लिए दवाओं पर जीरो जीएसटी लागू करने की भी मांग की गई। प्रतिनिधियों ने आरोप लगाया कि दवा कंपनियां ‘सेल’ के नाम पर उन पर अनावश्यक दबाव बनाती हैं, जिसे तुरंत बंद किया जाना चाहिए। उनका कहना था कि इस तरह का दबाव उनके काम को प्रभावित करता है और शोषण का कारण बनता है। इस अवसर पर मंडी इकाई की नई कार्यकारिणी का भी गठन किया गया। इसमें हेमंत ठाकुर को अध्यक्ष, नवीन ठाकुर और राकेश ठाकुर को उपाध्यक्ष, मोहित ठाकुर को सचिव, विजय कुमार को सह सचिव और बलबीर चौहान को कोषाध्यक्ष चुना गया। बैठक में प्रदेश स्तर के पदाधिकारी भी उपस्थित रहे, जिन्होंने संगठन को मजबूत करने पर जोर दिया। एसोसिएशन ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सुनवाई नहीं हुई, तो आगामी समय में आंदोलन को और तेज किया जाएगा।