चैत्र नवरात्र के पावन अवसर पर शक्तिपीठ श्री ज्वालामुखी मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। बढ़ते सैलाब को देखते हुए मंदिर प्रशासन ने छठी, सप्तमी और अष्टमी नवरात्र के दौरान मंदिर को 24 घंटे खुला रखने का निर्णय लिया है। मंदिर अधिकारी अजय मंडयाल ने श्रद्धालुओं की सुविधा सुनिश्चित करने के लिए कर्मचारियों को 24 घंटे की शिफ्ट में ड्यूटी पर लगाने के निर्देश दिए हैं। यह व्यवस्था दर्शन प्रक्रिया को सुचारू बनाए रखने में सहायक होगी। हर ओर “जय मां ज्वाला” के जयकारे गूंज रहे मंदिर परिसर में भक्तिमय माहौल बना हुआ है। श्रद्धालु भजन-कीर्तन, हवन-यज्ञ और मुंडन संस्कार करवा रहे हैं। हर ओर “जय मां ज्वाला” के जयकारे गूंज रहे हैं, जिससे भक्तों में मां के दर्शनों को लेकर खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। विश्व शांति और कल्याण के लिए विशेष पूजा-अर्चना मंदिर के पुजारियों द्वारा भी विश्व शांति और कल्याण के लिए विशेष पूजा-अर्चना की जा रही है। प्रशासन के आंकड़ों के अनुसार, नवरात्र के पहले चार दिनों में लगभग 25 लाख रुपये का चढ़ावा चढ़ा है और डेढ़ लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने मां के दरबार में हाजिरी लगाई है। प्रत्येक श्रद्धालु को मिश्री का प्रसाद भी वितरित इस वर्ष ज्वालाजी मंदिर में कई नई व्यवस्थाएं शुरू की गई हैं। मंदिर अधिकारी अजय मंडयाल ने कार्यभार संभालने के बाद दर्शनों के बाद परिक्रमा व्यवस्था को सनातन परंपरा के अनुसार सीधा करवाया है, जिससे पुरानी त्रुटि को सुधारा गया है। इसके अतिरिक्त, अब प्रत्येक श्रद्धालु को मिश्री का प्रसाद भी वितरित किया जा रहा है, जिससे भक्तों में विशेष उत्साह है। “मां ज्वाला के दरबार में देशभर से पहुंच रहे श्रद्धालु मंदिर अधिकारी अजय मंडयाल ने बताया, “श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए 24 घंटे मंदिर खोलने और कर्मचारियों की शिफ्ट ड्यूटी के निर्देश दिए गए हैं।” पुजारी कपिलमुनि ने कहा, “मां ज्वाला के दरबार में देशभर से श्रद्धालु पहुंच रहे हैं, सभी के कल्याण-विश्व शांति के लिए विशेष पूजा की जा रही है।”