हिमाचल प्रदेश के चंबा में भरमौर विधानसभा क्षेत्र की पांगी घाटी में स्थित साच विद्युत परियोजना ग्लेशियर और भूस्खलन की चपेट में आने से बुरी तरह प्रभावित हुई है। हाल ही में हुई भारी बारिश और बर्फबारी के कारण परियोजना से विद्युत उत्पादन पूरी तरह बंद हो गया है। प्राकृतिक आपदा के चलते 2×450 किलोवाट क्षमता वाला साच पावर हाउस पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है। अधिशासी अभियंता सुनील चंदेल ने बताया कि मरम्मत और पुनर्निर्माण कार्य में लगभग 12 दिन का समय लग सकता है। घाटी में बिजली आपूर्ति बाधित मरम्मत कार्य के दौरान पांगी घाटी में विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी, जिससे स्थानीय लोगों को बिजली संकट का सामना करना पड़ सकता है। विभाग ने अस्थायी वैकल्पिक व्यवस्था की संभावनाओं पर भी विचार शुरू कर दिया है। युद्धस्तर पर बहाली कार्य जारी अधिशासी अभियंता सुनील चंदेल ने बताया कि विभाग ने प्रभावित परियोजना को जल्द से जल्द बहाल करने के लिए युद्धस्तर पर कार्य शुरू कर दिया है। लक्ष्य घाटी में बिजली व्यवस्था को शीघ्र सामान्य करना है। लोगों से सहयोग की अपील चंदेल ने पांगी घाटी के निवासियों से इस दौरान सहयोग और धैर्य बनाए रखने की अपील की है। उन्होंने कहा कि विभाग पूरी तत्परता से कार्य कर रहा है ताकि घाटी में जल्द बिजली आपूर्ति बहाल की जा सके।

Spread the love